Sat. Oct 19th, 2024

[ad_1]

रीवाएक घंटा पहले

  • कॉपी लिंक
बकिया बराज का गेट खुलने के बाद टमस नदी में तेजी से जाता पानी। - Dainik Bhaskar

बकिया बराज का गेट खुलने के बाद टमस नदी में तेजी से जाता पानी।

रीवा जिले में चार दिन से चल रही रिमझिम बारिश के चलते तराई अंचल में बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है। एतिहात के तौर पर रीवा कलेक्टर प्रतिभा पाल ने लोकल प्रशासन को अलर्ट रहने के निर्देश दिए है। सुरक्षा व्यवस्था के लिहाज से होमगार्ड व एसडीआरएफ की स्पेशल टीम तराई क्षेत्र के त्योंथर में भेजी है। जिला मुख्यालय से 12 होमगार्ड के नगर सैनिक पहुंच गए है। वहीं जवा, सोहागी और सोनौरी के स्थानीय प्रशासन को चौकन्ना रहने के आदेश है।

जिला प्रशासन का कहना है कि सतना के बकिया बराज का पानी तेजी से तराई अंचल की ओर बढ़ रहा है। क्योंंकि बकिया डैम के 13 में से 12 गेट खुल गए है। ऐसे में सेमरिया क्षेत्र से लेकर त्योंथर क्षेत्र की टमस नदी से सटे इलाकों में खतरा है। सिरमौर और त्योंथर एसडीएम ने स्थानीय लोगों से नदी की ओर न जाने की अपील की है। उन्होंने गांव के सरपंच, सचिव और तहसीलदारों से समन्वय बनाने के निर्देश दिए है। जिससे समय रहते संबंधित क्षेत्रों को खाली कराया जा सके।

रीवा शहर के मध्य में बना ईको पार्क।

रीवा शहर के मध्य में बना ईको पार्क।

रीवा शहर के ईको पार्क में बढ़ा जल स्तर
रीवा शहर के मध्य में बने ईको पार्क पर बाढ़ के हालत बन गए है। यहां के पार्क में चारों तरफ से पानी घिर गया है। बताया जा रहा है कि सीधी जिले की ओर से आ रही बिछिया नदी में पहाड़ों का पानी तेजी से उतर रहा है। दूसरी तरफ मुकुंदपुर से आ रही बीहर नदी भी रौद्र रूप दिखा रही है। अगर इसी तरह के हालत रहे तो करोड़ों रुपए में बना ईको पार्क डूब जाएगा। साथ ही ढेकहा मोहल्ले समेत शहर के निचले इलाकों में बाढ़ के हालत बन जाएंगे।

रेस्क्यू के लिए तीन जगहों पर बनी डीआरसी
एसडीआरएफ के जिम्मेदारों ने बताया कि रीवा जिले के पहले से तीन डीआरसी केन्द्र बने है। जिनमे जवा, त्योंथर और साेहागी शामिल है। संबंधित डीआरसी सेंटर में 8-8 होमगार्ड के जवान तैनात है। जवानों के पास रेस्क्यू करने के लिए मोटर वोट, लाइफ रिंग, लाइफ जैकेट, रस्सा, टार्च आदि मौजदू है।

खबरें और भी हैं…

[ad_2]

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *